
Give the Gift of Choice!
Too many options? Treat your friends and family to their favourite stores with a Bayshore Shopping Centre gift card, redeemable at participating retailers throughout the centre. Click below to purchase yours today!Purchase HereHome
21 Shresth Kahaniyan Mannu Bhandari
Coles
Loading Inventory...
21 Shresth Kahaniyan Mannu Bhandari in Ottawa, ON
By None
Current price: $22.99


By None
21 Shresth Kahaniyan Mannu Bhandari in Ottawa, ON
Current price: $22.99
Loading Inventory...
Size: Paperback
*Product information may vary - to confirm product availability, pricing, shipping and return information please contact Coles
इस पुस्तक में संकलित कहानियों का चयन कथाकार मन्नू भंडारी ने स्वयं किया है। इस चयन में एक कालक्रमिकता दिखाई देती है जो एक श्रेष्ठ कथाकार के रूप में इनके रचनात्मक विकास का संकेत देती है। इनकी कहानियों में एक स्वतंत्रा, न्यायप्रिय और संतुलित दृष्टि का चौमुख रचनात्मक बोध् है। अपनी सादगी और अनुभूति की प्रमाणिकता के कारण इनकी कहानियां विशेष रूप से प्रशंसा पाती हैं। स्त्री मन की आकांक्षाएं, पुरुष मन की ईर्ष्याएं, आधुनिकता का संयमित विरोध्, मध्य वर्गीय बुधिजीवियों के छद्म, ओढ़ी हुई आधुनिकता और जमी हुई रूढ़ियों पर इनकी पैनी निगाह हमेशा बनी रहती है। इन तमाम विशेषताओं से भरी मन्नू भंडारी की श्रेष्ठ कहानियां आज के समय में हिन्दी पाठकों के लिए जीवनयापन का संबल हैं, जो एक साथ हमें संघर्ष करने की ताकत भी देती हैं और अपना मार्ग स्वयं प्रशस्त करने की रोशनी भी। यह संकलन एक श्रेष्ठ कथाकार की इस लंबी यात्रा को समझने हेतु पाठकों को एक सूत्रा अवश्य देगा। इनकी अत्यन्त महत्त्वपूर्ण कृतियां हैं महाभोज, आपका बंटी, स्वामी, बिना दीवारों का घर, स्वामी, बिना दीवारों का घर, आंखों देखा झूठ, मैं हार गई आदि।
इस पुस्तक में संकलित कहानियों का चयन कथाकार मन्नू भंडारी ने स्वयं किया है। इस चयन में एक कालक्रमिकता दिखाई देती है जो एक श्रेष्ठ कथाकार के रूप में इनके रचनात्मक विकास का संकेत देती है। इनकी कहानियों में एक स्वतंत्रा, न्यायप्रिय और संतुलित दृष्टि का चौमुख रचनात्मक बोध् है। अपनी सादगी और अनुभूति की प्रमाणिकता के कारण इनकी कहानियां विशेष रूप से प्रशंसा पाती हैं। स्त्री मन की आकांक्षाएं, पुरुष मन की ईर्ष्याएं, आधुनिकता का संयमित विरोध्, मध्य वर्गीय बुधिजीवियों के छद्म, ओढ़ी हुई आधुनिकता और जमी हुई रूढ़ियों पर इनकी पैनी निगाह हमेशा बनी रहती है। इन तमाम विशेषताओं से भरी मन्नू भंडारी की श्रेष्ठ कहानियां आज के समय में हिन्दी पाठकों के लिए जीवनयापन का संबल हैं, जो एक साथ हमें संघर्ष करने की ताकत भी देती हैं और अपना मार्ग स्वयं प्रशस्त करने की रोशनी भी। यह संकलन एक श्रेष्ठ कथाकार की इस लंबी यात्रा को समझने हेतु पाठकों को एक सूत्रा अवश्य देगा। इनकी अत्यन्त महत्त्वपूर्ण कृतियां हैं महाभोज, आपका बंटी, स्वामी, बिना दीवारों का घर, स्वामी, बिना दीवारों का घर, आंखों देखा झूठ, मैं हार गई आदि।

















